विनोद जैन 
बालोद। शहर के सदर रोड सहित विभिन्न प्रमुख मार्गों पर इन दिनों धूल के गुबार से व्यापारी और आमजन खासे परेशान हैं। सड़क से गुजरने वाले वाहनों के साथ उड़ने वाली धूल दुकानों और प्रतिष्ठानों में पहुंच रही है, जिससे व्यापारियों को लगातार परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं राहगीरों और दोपहिया वाहन चालकों को भी धूल के कारण आवागमन में दिक्कतें हो रही हैं।
शहरवासियों का कहना है कि सड़कों पर धूल की समस्या कोई नई नहीं है, बावजूद इसके नगर पालिका प्रशासन द्वारा नियमित रूप से पानी का छिड़काव कराने जैसी आवश्यक व्यवस्था पर गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है। सदर रोड जैसे व्यस्त व्यवसायिक मार्ग पर दिनभर वाहनों की आवाजाही रहती है, जिसके चलते धूल उड़ने की समस्या और अधिक बढ़ जाती है।
व्यापारियों में नाराजगी, बोले—दुकानों में पहुंच रही धूल
सदर रोड सहित अन्य मार्गों के व्यापारियों का कहना है कि सड़क से उड़ने वाली धूल सीधे दुकानों के भीतर पहुंच रही है। दुकानदारों को दिन में कई बार अपनी दुकानों और सामान की सफाई करनी पड़ रही है। व्यापारियों का आरोप है कि नगर पालिका को बार-बार समस्या से अवगत कराने के बावजूद स्थायी रूप से कोई प्रभावी व्यवस्था नहीं की जा रही है।
आखिर जिम्मेदारी किसकी?
शहर में साफ-सफाई और आम नागरिकों को बेहतर मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने की जिम्मेदारी नगर पालिका प्रशासन की है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि जब शहर के प्रमुख मार्गों पर धूल के गुबार उड़ रहे हैं तो नगर पालिका द्वारा नियमित पानी छिड़काव क्यों नहीं कराया जा रहा? क्या प्रशासन किसी बड़ी शिकायत या जनआक्रोश का इंतजार कर रहा है?
शहरवासियों ने नगर पालिका प्रशासन से मांग की है कि सदर रोड सहित सभी प्रमुख एवं व्यस्त मार्गों पर तत्काल नियमित पानी का छिड़काव कराया जाए और धूल की समस्या से निजात दिलाने के लिए स्थायी व्यवस्था बनाई जाए।
अब देखना होगा कि नगर पालिका प्रशासन शहरवासियों की इस गंभीर समस्या पर कब तक संज्ञान लेता है और कब सड़कों पर राहत के लिए प्रभावी कदम उठाए जाते हैं।
