दीपक विश्वकर्मा
उमरिया जिले के बिरसिंहपुर पाली क्षेत्र में नया साल में प्रशासन ने छूट कर दी शराब की दुकान रोड लाइंस के ढाबों में जमकर बेची जा रही है अंग्रेजी शराब लोग नशे की हालात में भी चार चक्के से लेकर बड़ी-बड़ी गाड़ियां तक चला रहे हैं जहां एक तरफ शासन प्रशासन नशा मुक्ति अभियान को संचालित करके लोगों को हिदायत देते आ रहा है कि नशे की हालत में गाड़ियां ना चलाएं वहीं दूसरी ओर ढाबो में देखने को मिला है कम उम्र के बच्चों के साथ युवा बुजुर्ग तक को इसकी लत लग चुकी है
सूत्र — सूत्रों का मानना है कि सारे ढाबो में छूट पुलिस प्रशासन और आबकारी विभाग ने दे रखा है इस पर किसी प्रकार की कोई कार्यवाही नहीं की जाती है आबकारिक विभाग से लेकर पुलिस प्रशासन तक ढाबो वालों से और छोटे खाने की होटल से इनकी महीने की इनकम बंधी हुई है हर महीने पुलिस प्रशासन और आबकारी विभाग मोटी अच्छी रकम लेकर जाते हैं इसी वजह से ढाबों में और होटलों में पुलिस प्रशासन और आबकारिक विभाग अपनी आंखें बंद करके रखता है जिस वजह से उन पर कार्यवाही नहीं हो पता इतना ही नहीं कई दूर दराज में तो घरों में भी और दुकानों में भी अंग्रेजी शराब बेची जाती है हर तरफ पुलिस और आबकारिक घूम घूम कर अपना हफ्ता वसूली का काम करता है
माना जाए तो नया साल को लेकर हर होटल और ढाबा में एक जश्न का माहौल बना हुआ है
जिसे दुर्घटना को रोकने के लिए शासन एड़ी चोटी लगा दे रही है लेकिन चंद पैसे के लालच में शासन की मंसूबों पर ऐसे अधिकारी पलीता लगाते नजर आ रहे हैं लेकिन पैसे के आगे सब कुछ अंधेरा है जहां पैसा वहां किसी की जान की कोई परवाह नहीं नया साल में यह देखने को प्रशासन की आंख में पट्टी बंधी हुई है कब होगा ऐसे रिश्वतखोरों का कारोबार बंद यह कह पाना शायद अब मुश्किल होता जा रहा है जब रक्षक ही भक्षक बन जाए तो देश की उन्नति कैसे होगी
