बाघ के हमले से दहला मध्यप्रदेश

उमरिया, मध्यप्रदेश ,दीपक विश्वकर्मा

बाघ के हमले से दहला मध्यप्रदेश

 

घुन घुटी में बाघ के हमले से महिला की हुई मौत 

 

उमरिया बिरसिंहपुर पाली उमरिया जिले के अंतर्गत ब्लॉक पाली के घुनघुटी समेत समीप मदारी ढाबा के पास जंगल में लकड़ी लेने गई महिला के ऊपर बाघ ने किया हमला महिला की हुई मौत यह घटना पाली से शहडोल की ओर जाने वाले मदारी ढाबा के समीप की बताई जा रही है जिसमें आसपास के ग्रामीणों के द्वारा लकड़ी लेने के लिए घुनघुटी के जंगल गए थे वहीं झाड़ियां के बीच में बाघ ने एक महिला को अपना शिकार बना लिया महिला की मौके पर मौत हो गई जैसे ही यह सूचना घुनघुटी वन पर क्षेत्र को लगी तो मौके पर पहुंच कर महिला का शव बरामद कर पोस्टमार्टम के उपरांत महिला के परिजनों को सौंप दिया गया

*कुछ दिन पूर्व सड़क के किनारे बैठे बाघ बैठे होने की खबर वन विभाग के कर्मचारी व अधिकारी किसी प्रकार का जंगल से लगे ग्रामीण क्षेत्रों के लोगो को जंगल नही जाने की खबर दी जिसकी वजह से अगर खबर दी होती तो आज बाघ का शिकार महिला नहीं होती*

उमरिया जिला के घुनघुटी का जंगल आसपास के जंगलों में की अपेक्षा एक घना जंगल के रूप में जाना जाता है जहां पर कई जंगली जानवरों को दिखना व होने की बात अक्सर आती है अभी हाल ही में कुछ दिन पूर्व नेशनल हाईवे 43 के बगल में काफी समय तक बाघ को बैठे आने जाने वाले लोगो ने देखा था जिसकी वीडियो वह फोटो सोशल मीडिया में वायरल हुई थी साथ ही क्षेत्र के समाचार पत्रों में खबर भी प्रकाशित हुई थी पर बाघ के बैठने के बाद खबर प्रकाशित होने पर भी वन अमला या अधिकारी के द्वारा आसपास के क्षेत्र वासियों को सचेत नही किया गया अनदेखा करते हुए जागरूक न करना या फिर जंगल से लकड़ी कटाई को न रोक पाने के कारण आज यह घटना घटित हो गई जिसमें कहीं ना कहीं वन परिक्षेत्र घुनघुटी की लापरवाही खुलकर सामने आ गई यह लापरवाही का शिकार एक महिला के मौत का कारण बन गया हम आपको बता दें घुन घुटी के जंगलों से अवैध लकड़ी की कटाई आए दिन खबरों में प्रकाशित होती रही है दूसरी ओर शेर की हलचल व शेर को देखे जाने की भी बात जन चर्चा का विषय बना हुआ था पर इस तरह की परिस्थितियों से बचने के लिए वनपरिक्षेत्र के द्वारा किसी भी प्रकार की जानकारी क्षेत्र में साझा नहीं की गई जिस कारण से यह घटना घटित हो गई वन विभाग के द्वारा मिली जनकारी से मृतक महिला के परिजनों को वन विभाग के द्वारा अंत्येष्टि राशि जो कि विभाग के नियम अनुसार उपलब्ध करा दी गई है वह आने वाले कुछ दिनों में मुआवजे की राशि भी वन विभाग के द्वारा दिल दी जाएगी

मदारी रेस्टोरेंट के लिए बाघ का होना बना खतरा

पाली ब्लॉक के घुनघुटी जंगल के बीच में मदारी रेस्टोरेंट का संचालन बीते कई वर्षों से हो रहा है इस रेस्टोरेंट में शहडोल व पाली के लोगों की भीड़ हमेशा लगी रहती है इस रेस्टोरेंट पर बर्थडे पार्टी सेलिब्रेशन के लिए आसपास के शहरवासी उपयुक्त मानते हैं मदारी ढाबा में बीते दो-तीन वर्षों से नए साल का जस्न कुछ फिल्मी अंदाज में मनाया जाता है जहां पर साउंड सिस्टम के साथ अन्य शराब जैसे सुविधाओं का लालच देकर अपनी ओर अगल-बगल शहर के लोगों को आमंत्रित किया जाता है साथ ही कुछ छूट के जरिए एक निश्चित राशि में कई सुविधाएं जैसे दी जाती है पर मदारी ढाबा के बगल में बाघ की हलचल से कहीं और घटना घटित होने का अंदेशा लगाया जा सकता है यह रेस्टोरेंट घुनघुटी के घने जंगलों के बीच में आलीशान रेस्टोरेंट की तर्ज पर बना हुआ है जो नए साल की पार्टी दिल्ली मुम्बाई जैसे महानगरो की तर्ज पर 31 दिसम्बर की रात्रि में संचालन होता है जिस पर प्रसासन की ओर से कोई रोक टोक न होंना कुछ और बयां कर रहा है