विनोद जैन 
बालोद। शहर के प्रमुख खेल मैदानों में शामिल सरदार वल्लभ भाई पटेल मैदान इन दिनों बदहाली का शिकार है। मैदान में जगह-जगह गड्ढे होने के कारण खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मैदान की खराब स्थिति नगर पालिका प्रशासन और स्कूल प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर रही है। वहीं मैदान मे उचित प्रकाश व्यवस्था नहीं होने से यह मैदान शराब और गांजा पिने वालो के लिए एक सुरक्षित स्थान बन गया है कभी इस मैदान मर आसपास के लोग रात्रि मे टहलने आते थे परन्तु नशेड़ियों के डर से उनका आना भी बंद हो गया है नशेड़ियों को इस मैदान मे खुलेआम नशापान करते देखा जा सकता है पुलिस प्रशासन भी इधर कभी गस्त नहीं लगाती ऐसा लोगो का कहना है
खेल गतिविधियों एवं धार्मिक राजनितिक सामाजिक आयोजना के लिए महत्वपूर्ण इस मैदान में नियमित रूप से बड़ी संख्या में युवा और खिलाड़ी अभ्यास करने पहुंचते हैं। लेकिन मैदान की समुचित देखरेख नहीं होने से खिलाड़ियों को असुविधा हो रही है। गड्ढों के कारण खेल के दौरान दुर्घटना की आशंका भी बनी रहती है।
खेल प्रेमियों का कहना है कि शहर में युवाओं को खेलों के प्रति प्रोत्साहित करने की आवश्यकता है, लेकिन दूसरी ओर शहर के प्रमुख खेल मैदान की ही उचित देखरेख नहीं हो रही है। मैदान की सफाई, समतलीकरण और गड्ढों की मरम्मत जैसे आवश्यक कार्य समय पर नहीं किए जा रहे हैं।
यह स्थिति नगर पालिका प्रशासन और संबंधित स्कूल प्रबंधन की लापरवाही का जीता-जागता उदाहरण है। खेल मैदान जैसी सार्वजनिक सुविधा की नियमित निगरानी और रखरखाव की जिम्मेदारी संबंधित विभागों की है।
खेल प्रेमियों एवं शहरवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि सरदार वल्लभ भाई पटेल मैदान का तत्काल निरीक्षण कराकर मैदान को समतल किया जाए, गड्ढों को भरने के साथ आवश्यक मरम्मत एवं साफ-सफाई कराई जाए, ताकि खिलाड़ियों को सुरक्षित और बेहतर खेल वातावरण मिल सके।
यदि समय रहते मैदान की स्थिति में सुधार नहीं किया गया तो खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों में आक्रोश और बढ़ सकता है।
