बालोद। तांदुला डेम में इन दिनों जलभराव और प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लेने बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंच रहे हैं। लेकिन डेम की दीवार पर कुछ पर्यटकों द्वारा पैदल चलकर तस्वीरें लेने और घूमने का सिलसिला उनकी सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बनता नजर आ रहा है।
पर्यटक बिना किसी सुरक्षा व्यवस्था के डेम की दीवार पर चलते दिखाई दे रहे हैं। ऐसे में जरा सी असावधानी या पैर फिसलने की स्थिति में बड़ा हादसा हो सकता है। खास बात यह है कि मौके पर पर्यटकों को रोकने या उन्हें सुरक्षित स्थान पर रखने के लिए पर्याप्त निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था नजर नहीं आ रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के मौसम में डेम का जलस्तर बढ़ने के साथ यहां फिसलन का खतरा भी बढ़ जाता है। इसके बावजूद पर्यटकों की सुरक्षा के लिए आवश्यक सावधानी बरतने और खतरनाक स्थानों पर जाने से रोकने की व्यवस्था नहीं होने से प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं
पर्यटकों की सुरक्षा के लिए डेम क्षेत्र में चेतावनी बोर्ड, बैरिकेडिंग और सुरक्षा कर्मियों की तैनाती जरूरी है, ताकि घूमने आने वाले लोग सुरक्षित तरीके से तांदुला डेम की खूबसूरती का आनंद ले सकें और किसी संभावित हादसे को टाला जा सके लोगो का कहना है की डेम मे जहाँ से छलकाव होता है वहां मजबूत बेरीकेटिंग या लोहे के जाली का घेराव आवश्यक है ताकि लोग इस तरह सीढ़ियों से उतर कर दीवारो पर ना चल सके
