विनोद जैन 
बालोद । बालोद के गौ रक्षा एवं सेवा अभियान से जुड़े युवाओ के जज्बे की सराहना शहर में होती है सड़को पर बैठने वाले पशुओं की दुर्घटना में घायल होने की सूचना मिलते ही नगर के कुछ उत्साही युवा उसकी सेवा के लिए तुरन्त दौड़ पड़ते हैं ना दिन देखते हैं ना रात बस फोन आते ही निकल पड़ते हैं बेजुबानों को बचाने जी हां हम बात कर रहे है बालोद शहर के कुछ युवा साथियों का जो अपने कार्यो से शहर की आवाज बन रहे हैं ऐसे युवा जो घायल पशुओं की सेवा में लगे रहते हैं इनकी पूरी टीम हमेशा मुस्तैद रहती है सड़को पर विचरण करने वाले पशुओं को वाहनों की टक्कर से घायल होने पर या पैरों में कीड़े लगने से होने वाले असहनीय पीड़ा पर ये खबर मिलते ही उनके इलाज के लिए निकल पड़ते हैं इनकी सेवा भावना देखकर लोग इन्हें देवतुल्य स्वयं सेवक भी कहने लगे है सड़को पर बैठे पशुधन को सड़कों से हटाने उन्हें रोटी चारा देने का काम भी ये रात में करते नजर आते हैं टीम के प्रमुख अजय यादव आशु कौशिक रमन सोनकर मनीषा राणा आशीष साहू सहित अनेक युवा अपने कार्यो से चर्चा में है इस अभियान को लेकर अजय यादव ने बताया कि बेजुबान पशुओं की सेवा करने से आत्मसंतुष्टि मिलती है लोगो का सहयोग भी मिलता है जो बेजुबान है वह अपनी पीड़ा बता नही सकते इस कारण उनकी सेवा हेतु हम हमेशा तैयार रहते हैं घायल पशु का इलाज कर उन्हें सुरक्षित पशु मालिक को या गौशाला में भेज दिया जाता है जहां उनका पूरा देखभाल किया जाता है उन्होंने बताया कि इस अभियान में और भी बहुत से साथी निस्वार्थ सेवा देने स्वयं से आते हैं
