पुणे से जब युवा इंजीनियर वोट करने पहुंचे..

यजुवेन्द्र सिंह ठाकुर

विधानसभा चुनाव में मतदान की अपनी अलग कहानी है। भानुप्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र के पोलिंग बूथ क्रमांक-83 के बीएलओ श्री एकांत चौहान ने अपना अनुभव जिला निर्वाचन अधिकारी के समक्ष साझा करते हुए बताया कि एक मतदाता श्री रवि दुबे जो पुणे के किसी मल्टीनेशनल कंपनी में काम कर रहे हैं, उन्हें वोट करने हेतु मतदान दिवस को आने का आग्रह किया, किंतु वह तैयार नहीं हुए। इसके बाद भी बीएलओ सतत संपर्क करते रहे। फलस्वरूप 07 नवंबर को अपनी मां श्रीमती ममता दुबे के साथ फ्लाइट से भानुप्रतापपुर पहुंचकर मतदान किया। बीएलओ ने यह भी बताया कि जिस दिन वोटिंग थी, उसी दिन सिंगापुर की किसी कंपनी में जाकर नई जॉब ज्वाइन करना था, जिसे छोड़कर कर मतदान करने श्री दुबे पहुंचे थे। इस दौरान कलेक्टर ने युवक के जज्बे और बीएलओ के प्रयासों की प्रशंसा की

नवजात बच्चे को छोड़ वोट करने पहुंचीं महिला

मतदान के दौरान एक और अनोखा किस्सा सामने आया। उत्तामार मतदान केंद्र की एक महिला की डिलीवरी को महज तीन दिन ही बीते थे। इसके बावजूद बीएलओ की मनुहार पर वोटिंग की अनिवार्यता को ध्यान में रखकर बूथ में आकर वोट दिया। बीएलओ श्री जयंत देवनाथ ने यह भी बताया कि गांव के 04 युवक नरसिंह, नरसू, असीद और एक अन्य हैदराबाद की बोरवेल्स कंपनी में काम करते हैं। उन्होंने इन चारों के भी सतत संपर्क में रहे। अंततः ये चारों युवक गांव पहुंचकर अपने मताधिकार का प्रयोग किया। इसी प्रकार अंतागढ़ विधानसभा क्षेत्र के बूथ क्रमांक-168 कलगांव के बीएलओ ने बताया कि लकवाग्रस्त युवक श्री राहुल ठाकुर, जो चल फिर पाने में असमर्थ हैं, ने भी डाक मतपत्र से वोट देने के बजाय मतदान केंद्र में आकर वोट डाला।