सर्व आदिवासी समाज के द्वारा मेला में वीआईपी कल्चर को पूर्ण रूप से समाप्त करने को दिया ज्ञापन सर्व आदिवासी समाज द्वारा वार्षिक मेला में वि आई पी कलचर को पूर्ण रूप से समाप्त करने को दिया ज्ञापन

यजुवेन्द्र सिंह ठाकुर

 

कोंडागांव , आज दिनांक 23/02/2026 को दोपहर आदिवासी समाज भवन कोंडागांव में सर्व आदिवासी समाज जिला अध्यक्ष बंगा राम सोढ़ी के नेतृत्व में सर्व आदिवासी समाज द्वारा कोंडागांव वार्षिक मेले में लगने वाले सभी प्रकार के झूले एवं मनोरंजन खेलों का दर न्यूनतम से न्यूनतम दर निर्धारित करने, एवं सभी आम जनता को समानता की दृष्टि से देखते हुए इस वर्ष से वी. आई. पी. पास की व्यवस्था को समाप्त करने, किसी भी व्यक्ति को पास वितरण नहीं करने, आदि प्रशासन द्वारा अगर . वी.आई. पी. कलचर को समाप्त नहीं किया जाता है तो सर्व आदिवासी समाज जिला कोंडागांव द्वारा पूरे आदिवासी ग्रामीणजनों के साथ विरोध प्रदर्शन करने पर मजबूर होगा जिसकी पूरी जवाबदारी शासन प्रशासन की होगी, कलेक्टर कार्यालय कोंडागांव पहुंचकर डिप्टी कलेक्टर चार्ली ठाकुर ,कोंडागांव विधायक लता उसेंडी, नगर पालिका अध्यक्ष नरपति पटेल को संबोधित ज्ञापन सौंपा गया! इस दौरान सर्व आदिवासी मुरिया समाज जिला अध्यक्ष धनीराम सोरी, कोया समाज जिला अध्यक्ष मनहेर सिंह कोर्राम, सर्व आदिवासी समाज युवा जिला अध्यक्ष यतेंद्र सलाम, सर्व आदिवासी समाज जिला कार्यकारणी सचिव रूपसिंह सलाम, सर्व आदिवासी समाज कोषाध्यक्ष उमेश प्रधान सहित (लगभग-40) की संख्या में उपस्थित रहे!

पिछले वर्ष सर्व आदिवासी समाज के पहल से पास सिस्टम पर पूर्ण रूप से रोक लगाया गया था जो इस वर्ष भी होना है

बस्तर का पारंपरिक मेला सदियों से चला आ रहा है इसकी हकीकत किसी से छुपी नहीं है ये अपने अंदर हजारों वर्षों का इतिहास संजो के रखे हुये है
कुछ वर्षों से देखा जा रहा है कि लगातार सरे बाजार आमजन का शोषण किया जा रहा है
ये आमजन आप और हम है
कुछ रसूखदार लोग पूरे मेले में पास का रोब दिखा कर आमजन का हक मार रहे है
ये कही से सही नहीं है
ऐसे लोगो का खुला विरोध होना चाहिए
मेला सभी के लिए है सभी ग्रामीण भाई बहन आ कर सामान्य तरीके से इसका मजा ले सके ये विचार सभी का होना चाहिए
आज पास कलर लगातार सभी को आदि बना दिया है कोई अपना जुगाड़ दिखता है तो कोई अपना रुतबा मैं जिला प्रशासन से निवेदन करना चाहता हूं कि पास नाम का कोई भी सिस्टम ना रखा जाए अगर हो सके तो झूले का रेट कम से काम करवाया जाए ताकि आमजन उसे पारंपरिक मेले का लुफ्त उठा सके यह संभव भी है क्योंकि पास कलर वीआईपी कल्चर के चक्कर पर होने वाले बाकी राशि आमजन से वसूला जाता हैं इससे यह होगा कि हर वर्ग का व्यक्ति पैसा देकर झूला नियम से झूल सकेगा
और मेले का लुफ्त उठा सकेगा
इस पास के चक्कर में कुछ रशुकदार लोग एक बार अगर झूले में चढ़ जाते हैं तो वह ना ही उतारने का नाम लेते हैं और ना ही झूला वाले उसे उतारना चाहते हैं जो व्यक्ति अपनी मेहनत की कमाई से टिकट काटता है वह व्यक्ति घंटा लाइन में लगे इंतजार करते रहता है कि मेरा नंबर कब आएगा और पास वाला व्यक्ति अपना रुतबा अपना पावर दिखाकर लगातार झूला में झूलते रहता है ना ही उतरता है

यतींद्र छोटू सलाम ने कहा कि आज कुछ चीज ऐसी है जिसे सुधारने कोई नहीं आएगा जो हमारे और आप लोगों के समझ से सुधरेगा मेरा आप सभी भाइयों से निवेदन है कि हम सभी खुद ही पास का विरोध करें क्यों ना हम अपनी जवाबदारी जिम्मेदारि को समझें और अपने शहर को एक अच्छा नाम और एक अच्छे काम के लिए विख्यात करने में मेहनत करें

क्योंकि कोंडागांव मावली मड़ाई जो पूरे देश में देव मड़ाई के नाम से विख्यात है यह मडाई पिछले 500 साल से यह सभी देवी धामी मेला का परिक्रमा कर इस मेले को आगे बढ़ाने की अनुमति देते हैं पूरे हिंदुस्तान में एकमात्र बस्तर ऐसी जगह है जहां पर ऐसे नियम और ऐसे कलर के साथ हम सभी को जीने का सौभाग्य प्राप्त होता है तो हम सभी का यह फर्ज बनता है कि हम अपने इस विख्यात परंपरा को आगे बढ़ाये और इसको संजो के रखें

जिसे लेकर शिवसेना प्रमुख राज गावड़े के द्वारा कहा गया की आम जन का शोषण ठीक नहीं जिला प्रशासन को भी और शासन को भी इसका चिंता करने की जरूरत है क्योंकि यह शोषण सीधा आमजन के जेब में असर डालता है इसे इस्पात सिस्टम को सीधा आम जनता का लुट भी कहा जाए तो काम नहीं

बजरंग दल प्रमुख पीयूष देवांगन ने कहा कि हमारे क्षेत्र का यह मेला विश्व विख्यात मेला है यहां का रीति रिवाज यहां का परंपरा अपने आप में अनोखा है कुछ लोगों के फायदे के लिए वह कुछ लोगों को फायदा पहुंचाने के लिए इतनी बड़ी जनता का शोषण इतनी बड़ी जनता जिनके कारण यह मेला की व्यवथा दिखती है
जिला प्रशासन को संज्ञान में लेना चाहिए कि आमजन का शोषण न हो

Express MPCG

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *