वन विभाग के गोदाम में रखा हुआ था खाद , गोदाम किया गया शील रासायनिक खाद के अवैध भंडारण के खिलाफ प्रशासन ने की कार्यवाही 31 लाख रुपए के 12 हजार से अधिक बोरी खाद किया जप्त

भरत भारद्वाज

फरसगांव – कोंडागांव जिले के बड़ेराजपुर क्षेत्र के ग्राम
गम्हरी में बिना वैध दस्तावेज के खाद भंडारण पर जिला प्रशासन द्वारा कड़ी कार्यवाही की गई है। कलेक्टर श्रीमती नूपुर राशि पन्ना के निर्देश एवं मार्गदर्शन में केशकाल एसडीएम अंकित चौहान के नेतृत्व में संयुक्त टीम द्वारा एक गोदाम समेत 3 ट्रकों को सीज किया गया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार शुक्रवार की रात जिला प्रशासन, बाँसकोट पुलिस एवं कृषि विभाग की संयुक्त टीम ने तीन जगहों पर छापेमार की कार्यवाही के दौरान भंडारण किए गए लगभग 12,000 बोरी से अधिक स्ट्रीट यूरिया खाद जप्त किया गया है। जप्त खाद की बाजार में कीमत 31 लाख रुपए है।

*सरकारी गोदाम में रखा हुआ था निजी दुकानदार का खाद*
– प्रशासन ने ग्राम गम्हरी अवैध खाद भंडार के खिलाफ कार्यवाही कर जिस गोदाम को शील किया है वह गोदाम वन विभाग का । सरकारी गोदाम में किसी निजी दुकान दार का खाद पाया जाना जांच का विषय है। किस अधिकारी ने उसे खाद रखने का परमिशन दिया और कैसे कोई खाद व्यापारी सरकारी गोदाम में अपना निजी दुकान में रखने वाले खाद को रखा हुआ था । और कोई अधिकारी क्यों किसी व्यापारी को सरकारी गोदाम में उसे खाद रखने दिया यह चर्चा का विषय बना हुआ है। जानकारी अनुसार गोदाम माकडी वन परिक्षेत्र अंतर्गत आता है और गोदाम का प्रभारी डिप्टी रेंजर फूलसिंग बघेल को दिया गया था। आखिर एक सरकारी कर्मचारी ने किस उद्देश्य से एक निजी दुकानदार को किस स्वार्थ से सरकारी गोदाम को दिया गया था। इस संबंध में डिप्टी रेंजर के नंबर में कई बार फोन लगाया गया था लेकिन उनसे बात नहीं हो पाया। वही माकड़ी वन परिक्षेत्र अधिकारी असरफ अहमद कुरैशी से फोन के माध्यम से बात हुई तो उन्होंने बता की जिस गोदाम में खाद रखा हुआ था वह वन विभाग का गोदाम है, जिसके प्रभारी फूलसिंग बघेल है। किसी भी सरकारी गोदाम में निजी खाद रखना गलत है। जिसके लिए मेरे द्वारा डिप्टी रेंजर को नोटिस जारी कर खाद रखने के संबंध में जानकारी मांगा गया है। अब देखना होगा कि आखिर कार किसके परमिशन से सरकारी गोदाम में खाद रखा गया था ये तो नोटिस के जवाब आने के बाद हो पता चल लाएगा और जो दोषी है उन पर क्या कार्यवाही होता है।