दीपक विश्वकर्मा
सरकार जहां एक ओर नशा मुक्ति और अवैध शराब के खिलाफ सख्त निर्देश जारी कर रही है, वहीं दूसरी ओर उमरिया जिले के पाली में शराब माफिया खुलेआम कानून का मजाक बना रहे हैं
पाली थाना क्षेत्र में अवैध शराब का धंधा बेखौफ जारी ैं
शराब माफिया की जड़ें गांव-गली तक फैलीं…
इन शराब समूहों का नेटवर्क इतना मजबूत हो गया है कि अब ये लोग गांव-गांव, गली-गली, मोहल्लों और यहां तक कि घर-घर में शराब की आपूर्ति कर रहे हैं। नियमों और कानूनों की खुलेआम धज्जियाँ उड़ाई जा रही हैं। युवा पीढ़ी को जानबूझकर नशे की लत में धकेला जा रहा है और प्रशासन की भूमिका पर कई सवाल खड़े हो रहे हैं।
पैकारी से फैल रहा जहर….
शराब माफिया न सिर्फ अवैध शराब बेच रहे हैं, बल्कि ‘पैकारी’ के जरिए इसे सीधे लोगों के घरों तक पहुंचा रहे हैं। यह पूरी प्रक्रिया शराब दुकान के नियमों के बिल्कुल खिलाफ है।
प्रशासन की कार्रवाई सिर्फ कागजों तक सीमित…
प्रदेश सरकार द्वारा बार-बार नशे के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए जा रहे हैं, लेकिन उमरिया जिले के पाली में इसका असर कागजों तक ही सीमित दिख रहा है। पुलिस और आबकारी विभाग द्वारा कभी-कभार की जाने वाली छापेमारी से न तो कारोबार बंद हुआ है और न ही शराब माफियाओं की हिम्मत टूटी है। उल्टा, ये लोग और भी संगठित होकर काम कर रहे हैं।
